देहरादून। पटेलनगर कोतवाली क्षेत्र के ट्रांसपोर्ट नगर स्थित एक इंटरनेट सर्विस प्रोवाइडर कंपनी के जेनरेटर रूम में दो इंजीनियरों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। दोनों के शव बुधवार सुबह कमरे में अचेत अवस्था में मिले। सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों को अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। प्रथम दृष्टया पुलिस जेनरेटर से निकली गैस के कारण दम घुटने को मौत की वजह मान रही है। हालांकि, मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगी।
पुलिस के अनुसार घटना सिंधु सेंटर स्थित ईशान नेट सोल प्राइवेट लिमिटेड कंपनी की है। मृतकों की पहचान रोहित सिंह (29) निवासी हरिद्वार और लवकुश (26) पुत्र रामसागर निवासी फैजाबाद, उत्तर प्रदेश के रूप में हुई है। दोनों कंपनी में इंजीनियर के पद पर कार्यरत थे और इंटरनेट मेंटेनेंस का काम देखते थे।
तकनीकी खराबी के बाद जेनरेटर रूम में गए थे
बताया गया कि मंगलवार रात करीब 12:30 बजे कंपनी में तकनीकी समस्या आने के बाद दोनों इंजीनियर उसका निरीक्षण करने जेनरेटर रूम में गए थे। उस समय बिजली आपूर्ति बाधित थी। पुलिस के मुताबिक दोनों ने जेनरेटर चालू किया और इसके बाद उसी कमरे में सो गए। कमरे में पर्याप्त वेंटिलेशन नहीं होने के कारण जेनरेटर से निकली गैस जमा होने की आशंका जताई जा रही है।
बुधवार सुबह कंपनी का गार्ड जेनरेटर रूम में पहुंचा तो दोनों को अचेत अवस्था में पड़ा देखा। उसने तत्काल पुलिस को सूचना दी। पटेलनगर पुलिस टीम मौके पर पहुंची और दोनों को अस्पताल ले गई, लेकिन चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपे शव
पटेलनगर कोतवाली प्रभारी नरेश राठौर ने बताया कि पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल की जांच की और दोनों के शवों का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंप दिए गए हैं।
पुलिस के अनुसार, प्रथम दृष्टया जेनरेटर से निकली गैस के कारण दम घुटने की आशंका है, लेकिन मौत की वास्तविक वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने के बाद ही स्पष्ट होगी। पुलिस ने घटना के सभी पहलुओं की जांच शुरू कर दी है।








