कार्ययोजना के सभी स्तरों की समय सीमा निर्धारित करत लगातार मॉनिटरिंग की जाए: मुख्य सचिव

Barsali Times Desl
4 Min Read

मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने वित्तीय वर्ष 2024-25 के बजट भाषण में उल्लिखित संतृप्तिकरण बिंदुओं की समीक्षा की

 

देहरादून। मुख्य सचिव श्री आनन्द बर्द्धन ने सोमवार को सचिवालय में वित्तीय वर्ष 2024-25 के बजट भाषण में उल्लिखित संतृप्तिकरण बिंदुओं की समीक्षा की। मुख्य सचिव ने कहा कि बजट सत्र 2024-25 के दौरान मा0 वित्त्त मंत्री के बजट भाषण में उल्लिखित संतृप्तिकरण बिन्दुओं को सम्बन्धित विभाग, शीघ्र समय-सीमा निर्धारित करते हुए कार्ययोजना प्रस्तुत की जाए।

 

मुख्य सचिव ने कहा कि प्रदेश के सभी जनपद मुख्यालयों एवं महत्त्वपूर्ण पर्यटक स्थलों को हवाई कनेक्टिविटी उपलब्ध कराए जाने हेतु शीघ्र कार्ययोजना प्रस्तुत की जाए। उन्होंने कार्ययोजना के सभी स्तरों की समय सीमा निर्धारित करते हुए लगातार मॉनिटरिंग की जाए। उन्होंने लोक निर्माण विभाग को निर्देश दिए कि प्रदेश के असुरक्षित पुलों एवं आवागमन हेतु प्रयोग हो रही ट्रॉलियों का शीघ्र ही जीर्णोद्धार करा लिया जाए। उन्होंने कहा कि जहां-जहां ट्रॉलियां संचालित हो रही हैं, वहां शीघ्र से शीघ्र पुल तैयार कराया जाना सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि यदि प्रदेश में कहीं गैर सरकारी ट्रॉली भी संचालित हो रही है, तो ऐसी ट्रॉलियों का भी सेफ्टी ऑडिट करवा लिया जाए, साथ ही सरकार द्वारा इसे नियमानुसार संचालित कराया जाए एवं ऐसी ट्रॉलियों को लोक निर्माण विभाग द्वारा जीर्णोद्धार किया जाएगा। उन्होंने लोक निर्माण विभाग को प्रदेश की सड़कों को क्रैश बैरियर से संतृप्त किया जाए। उन्होंने इसके लिए समय-सीमा निर्धारित करते हुए कार्य योजना प्रस्तुत किए जाने के निर्देश दिए हैं।

 

मुख्य सचिव ने सभी विभागों एवं जनपद स्तरीय कार्यालयों में ई-ऑफिस लागू किए जाने हेतु सभी विभागों से सूचना मांगी है। उन्होंने कहा कि सभी विभागों को ई-ऑफिस में शिफ्ट किए जाने और शासन के साथ लिंकेज की प्रक्रिया में गति लाने की आवश्यकता है। उन्होंने आईटी विभाग को शीघ्र कार्यवाही के निर्देश दिए हैं।

 

मुख्य सचिव ने कहा कि प्रदेश के सभी जनपदों में थीम बेस्ड विज्ञान एवं नवाचार केन्द्रों की स्थापना की दिशा में तेजी लाते हुए कार्य पूर्ण किए जाएं। उन्होंने जनपद रूद्रप्रयाग में विज्ञान एवं नवाचार केन्द्र के लिए जिलाधिकारी से सम्पर्क कर शीघ्र भूमि चिन्हित किए जाने की बात कही। उन्होंने प्रदेश के 13 रोजगार केन्द्रों को स्वरोजगार केन्द्रों के रूप में विकसित किए जाने और इन स्वरोजगार केन्द्रों को लाइब्रेरी, वीडियो कॉन्फ्रेसिंग आदि सुविधाओं से अच्छादित करते हुए केन्द्रीयकृत स्वरोजगार केन्द्र तैयार किए जाएं। उन्होंने इसके लिए सभी विभागों से समन्वय बनाकर कार्ययोजना प्रस्तुत किए जाने के निर्देश उद्योग विभाग एवं सेवायोजन विभाग को दिए।

 

मुख्य सचिव ने शिक्षा विभाग को स्कूलों में फर्नीचर की उपलब्धता के साथ ही सभी जनपद मुख्यालयों और 50 हजार से अधिक आबादी वाले शहरों में शीघ्र से शीघ्र पुस्तकालय की उपलब्धता सुनिश्चित किए जाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि इन पुस्तकालयों का संचालन दून लाईब्रेरी की तर्ज पर सोसाईटी मोड पर किया जाए, ताकि इनके संचालन एवं रखरखाव की समस्या का हल हो सके।

 

इस अवसर पर प्रमुख सचिव श्री आर. मीनाक्षी सुन्दरम, सचिव श्री सचिन कुर्वे, दिलीप जावलकर, श्री सी. रविशंकर, अपर सचिव डॉ. अहमद इकबाल, श्रीमती रंजना राजगुरू, श्री हिमांशु खुराना एवं श्री गौरव कुमार सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन अपर सचिव श्री मनमोहन मैनाली ने किया।

Share This Article
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *